नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने फर्जी ऑनलाइन निवेश प्लेटफॉर्म के जरिए लोगों को ठगने वाले एक अंतर्राज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस गिरोह ने शेयर मार्केट और आईपीओ (IPO) में भारी मुनाफे का लालच देकर एक व्यक्ति से करीब 47.20 लाख रुपये की धोखाधड़ी की थी। पुलिस ने इस मामले में हरियाणा, जयपुर और दिल्ली से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
शेयर बाजार और IPO के नाम पर देते थे झांसा
पुलिस के मुताबिक, ठगों का यह गिरोह लोगों को शेयर मार्केट, इक्विटी और आईपीओ में निवेश के जरिए रातों-रात अमीर बनने का सपना दिखाता था। इसके लिए वे फर्जी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म और ऐप्स का इस्तेमाल करते थे। एक पीड़ित इनके झांसे में आकर धीरे-धीरे अपनी जमा पूंजी निवेश करता गया, लेकिन जब उसे ठगी का अहसास हुआ, तब तक वह लाखों रुपये गंवा चुका था।
कमीशन पर लिए जाते थे बैंक खाते और सिम कार्ड
जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि ठगी की रकम को ‘ऑरेंज हर्ब्स प्राइवेट लिमिटेड’ नाम के एक बैंक खाते में ट्रांसफर किया गया था। यह खाता पहले से ही 12 अलग-अलग साइबर ठगी के मामलों में शामिल पाया गया। यह गिरोह पुलिस की नजर से बचने के लिए आम लोगों और कंपनियों के बैंक खाते 25% से 40% कमीशन पर लेते थे, ताकि पैसे को कई लेयर्स में घुमाया जा सके।
गिरफ्तार आरोपियों का प्रोफाइल और भूमिका:
क्राइम ब्रांच ने कड़ी मशक्कत के बाद इन तीन आरोपियों को दबोचा:
- विशाल चौहान (जींद, हरियाणा): इसने अपना बैंक खाता, सिम कार्ड और दस्तावेज महज 50 हजार रुपये के लालच में गिरोह को दिए थे।
- ऋत्विक यादव (जयपुर, राजस्थान): यह गिरोह में ‘मिडलमैन’ (बिचौलिया) की भूमिका निभाता था, जो बैंक किट और सिम कार्ड इकट्ठा कर मुख्य आरोपियों तक पहुँचाता था।
- प्रियाल प्रताप यादव (मैनपुरी, यूपी): इसे दिल्ली के किंग्सवे कैंप इलाके से गिरफ्तार किया गया। इसके पास से ठगी में इस्तेमाल मोबाइल फोन बरामद हुआ है।
बड़े नेटवर्क की तलाश जारी
पूछताछ में खुलासा हुआ है कि ये तीनों एक बड़े संगठित साइबर सिंडिकेट का हिस्सा हैं। पुलिस अब इस गैंग के मुख्य सरगनाओं और अन्य सदस्यों की तलाश में हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ सहित कई राज्यों में छापेमारी कर रही है। फिलहाल दो आरोपी न्यायिक हिरासत में हैं और तीसरे से पूछताछ जारी है।
यह भी पढ़ें:– https://delhidarpantv.com/10-year-old-child-is-fighting-for-his-life-in-hospital-after-suffering-from-severe-fever/

