नई दिल्ली | Delhi Fake Ghee Racket Busted
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने मिलावटखोरी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए नकली घी, टाटा नमक, ईनो, ऑल आउट और वीट जैसे नामी ब्रांड्स के एक खतरनाक रैकेट का पर्दाफाश किया है। यह गिरोह सीधे तौर पर आम लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ कर रहा था। क्राइम ब्रांच की ईस्टर्न रेंज-1 टीम ने इस मामले में चार शातिर आरोपियों को गिरफ्तार कर भारी मात्रा में नकली सामान बरामद किया है।
गुप्त सूचना से हुआ खुलासा
क्राइम ब्रांच को सूचना मिली थी कि उत्तम नगर के दल मिल रोड इलाके में नकली सामान की बड़ी खेप सप्लाई होने वाली है। इसके बाद पुलिस ने जाल बिछाया और दोपहर करीब 2:15 बजे एक संदिग्ध टेंपो को रोककर तलाशी ली। टेंपो से 1131 लीटर नकली घी, 3000 किलो नकली टाटा नमक, 8640 ईनो सैशे, 1200 ऑल आउट और 1152 वीट प्रोडक्ट्स बरामद किए गए। मौके पर बुलाए गए संबंधित कंपनियों के प्रतिनिधियों ने जांच के बाद पुष्टि की कि यह सारा सामान नकली है।
नकली फैक्ट्री और पैकिंग यूनिट का भंडाफोड़
पूछताछ में मुख्य आरोपी नितिन कुमार ने खुलासा किया कि कंझावला इंडस्ट्रियल एरिया में नकली घी बनाने की फैक्ट्री चलाई जा रही थी। यहां घटिया कच्चे माल से घी तैयार कर उसे अमूल, पतंजलि और मधुसूदन जैसे प्रतिष्ठित ब्रांड्स के फर्जी पैकेट में पैक किया जाता था। पुलिस ने फैक्ट्री से पैकिंग मशीनें, फर्जी रैपर, लेबल और कच्चा माल बरामद किया।
इसके अलावा निलोठी एक्सटेंशन इलाके में नकली टाटा नमक बनाने की एक अलग यूनिट का भी खुलासा हुआ है।
कौन हैं गिरफ्तार आरोपी
पुलिस ने जिन चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उनके नाम हैं—
- नितिन कुमार (38), निवासी उत्तम नगर
- रजत सिंघल उर्फ चिंटू (38), निवासी उत्तम नगर
- सुरेंद्र गुज्जर (45), निवासी उत्तम नगर
- मुजाहिद उर्फ कार्तिक (38), निवासी मंगोलपुरी
पुलिस के अनुसार, ये सभी आरोपी मिलकर नकली ब्रांडेड सामान बनाने, पैक करने और दिल्ली-एनसीआर में सप्लाई करने का पूरा नेटवर्क चला रहे थे।
बरामदगी का पूरा ब्योरा
- 1131 लीटर नकली घी
- 531 लीटर अमूल
- 255 लीटर पतंजलि
- 345 लीटर मधुसूदन
- 3000 किलो नकली टाटा नमक
- 8640 ईनो सैशे
- 1200 ऑल आउट
- 1152 वीट प्रोडक्ट्स
आरोपियों की भूमिका
पुलिस जांच में सामने आया है कि नितिन कुमार पिछले 10–12 वर्षों से होलसेल का काम कर रहा था और अलग-अलग शहरों से नकली सामान मंगवाता था। उसका नाम पहले भी ऐसे मामलों में सामने आ चुका है।
रजत सिंघल और सुरेंद्र गुज्जर साप्ताहिक बाजारों और दुकानों में सस्ते दामों पर नकली सामान सप्लाई करते थे। वहीं, मुजाहिद उर्फ कार्तिक अपने घर पर नकली ऑल आउट तैयार करता था, जबकि उसका एक रिश्तेदार नकली वीट बनाने का काम करता था।
लालच में सेहत से खिलवाड़
पुलिस के मुताबिक, आरोपी कम लागत में नकली उत्पाद तैयार कर 50 प्रतिशत से अधिक मुनाफा कमा रहे थे, लेकिन इस लालच में उन्होंने लाखों लोगों की सेहत को गंभीर खतरे में डाल दिया। नकली घी और नमक के सेवन से गंभीर बीमारियों की आशंका जताई जा रही है।
फिलहाल आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं और कॉपीराइट एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह नेटवर्क कितने समय से सक्रिय था और दिल्ली-एनसीआर के किन-किन इलाकों में नकली सामान की सप्लाई की जा रही थी।
यह भी पढ़ें- https://delhidarpantv.com/india-will-fly-the-flag-of-the-indian-air-force-in-2025-with-a-strong-victory-in-2026/

