नई दिल्ली: दिल्ली में साइबर अपराध के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए ‘ऑपरेशन साइहॉक’ (CyHawk) के तहत 1,000 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया है। यह अभियान दिल्ली समेत आसपास के राज्यों में फैले संगठित साइबर धोखाधड़ी नेटवर्क को ध्वस्त करने के उद्देश्य से चलाया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस ऑपरेशन के जरिए फर्जी बैंक खातों, डिजिटल फ्रॉड, मनी लॉन्ड्रिंग और अंतरराष्ट्रीय साइबर अपराध से जुड़े गिरोहों पर करारा प्रहार किया गया है।
ऑपरेशन साइहॉक 3.0 में 500 से ज्यादा गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे इस अभियान के तीसरे चरण ऑपरेशन साइहॉक 3.0 के तहत अकेले 500 से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने बताया कि यह चरण खासतौर पर डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सक्रिय संगठित साइबर फ्रॉड नेटवर्क को निशाना बनाकर चलाया गया।
इस कार्रवाई में उन्नत तकनीकी जांच, रियल-टाइम इंटेलिजेंस, वित्तीय लेनदेन की ट्रैकिंग और विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वित अभियान को शामिल किया गया, जिससे साइबर अपराध गिरोहों की पहचान कर उन्हें ध्वस्त किया जा सका।
साइबर अपराधियों पर कसी नकेल
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, ऑपरेशन साइहॉक का मुख्य उद्देश्य साइबर अपराधियों पर नकेल कसना, नागरिकों को ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाना और डिजिटल प्लेटफॉर्म के बढ़ते दुरुपयोग पर रोक लगाना है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान आने वाले दिनों में भी जारी रहेगा और साइबर अपराध के खिलाफ सख्त निगरानी व कार्रवाई की जाएगी।
अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का खुलासा
पिछले महीने की शुरुआत में दिल्ली पुलिस के पूर्वी जिले ने ऑपरेशन साइहॉक के तहत दिल्ली से मुरादाबाद और उत्तर प्रदेश के बरेली तक फैले एक साइबर अपराध गिरोह का भंडाफोड़ किया था। इस मामले में मोहम्मद वसीम समेत आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। आरोपियों पर फर्जी बैंक खाते चलाने और साइबर अपराध से अर्जित धन की मनी लॉन्ड्रिंग करने का आरोप है।
इस कार्रवाई के दौरान एक हाई-टेक नेटवर्क का भी खुलासा हुआ, जो भारतीय धन को अंतरराष्ट्रीय क्रिप्टोकरेंसी वॉलेट्स में ट्रांसफर कर रहा था।
क्या-क्या हुआ जब्त
दिल्ली पुलिस ने इस अभियान के दौरान
₹4.7 लाख नकद,
7 बैंक डेबिट कार्ड,
14 मोबाइल फोन,
20 सिम कार्ड जब्त किए हैं।
इसके अलावा, 600 से अधिक एनआरसीपी (NRCP) शिकायतों से जुड़े 85 अवैध बैंक खातों की भी पहचान की गई है।
दूसरे चरण में भी बड़ी सफलता का दावा
दिसंबर 2025 में ऑपरेशन साइहॉक के दूसरे चरण के दौरान दिल्ली पुलिस ने 284 लोगों को गिरफ्तार किया था और करीब 2,900 व्यक्तियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की गई थी। पुलिस अधिकारियों ने मीडिया ब्रीफिंग में दावा किया कि इस चरण में 200 प्रतिशत सफलता दर हासिल हुई।
संयुक्त पुलिस आयुक्त (IFSO) रजनीश गुप्ता ने बताया कि दिल्ली पुलिस आयुक्त सतीश गोलचा के नेतृत्व में चलाए गए ऑपरेशन साइहॉक के पहले चरण के बाद साइबर फ्रॉड से जुड़ी कॉलों की संख्या में उल्लेखनीय कमी आई है। उन्होंने कहा कि जहां पहले प्रतिदिन औसतन 3,600 कॉलें आती थीं, वहीं अब यह संख्या घटकर लगभग 2,400 रह गई है।
पुलिस के अनुसार, पहले चरण की सफलता के बाद ही अभियान के दूसरे और तीसरे चरण को योजनाबद्ध तरीके से लागू किया गया।

