Monday, January 26, 2026
spot_img
Homecrime newsदिल्ली-NCR को आवारा कुत्तों से मुक्त करने के लिए सुप्रीम कोर्ट का...

दिल्ली-NCR को आवारा कुत्तों से मुक्त करने के लिए सुप्रीम कोर्ट का सख्त आदेश

सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली-NCR में आवारा कुत्तों की बढ़ती समस्या और कुत्तों के काटने की घटनाओं पर स्वतः संज्ञान लेते हुए कड़ा निर्देश जारी किया है। कोर्ट ने साफ कहा है कि सभी आवारा कुत्तों को पकड़कर शेल्टर होम में रखा जाएगा और उन्हें किसी भी परिस्थिति में वापस उन्हीं इलाकों में नहीं छोड़ा जाएगा। इस कदम का उद्देश्य राजधानी और NCR को आवारा कुत्तों के खतरे से पूरी तरह मुक्त करना है।

तत्काल कार्रवाई के निर्देश
अदालत ने दिल्ली सरकार, MCD और NDMC को आदेश दिया है कि तुरंत सभी इलाकों में कुत्तों को पकड़ने का अभियान शुरू किया जाए। कोर्ट ने जोर दिया कि यह कदम बच्चों, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी है, ताकि वे पार्क और सड़कों पर बिना डर के जा सकें। कोर्ट ने कहा, “इस मामले में भावनाओं को जगह नहीं दी जाएगी, आम जनता की सुरक्षा सर्वोच्च है।”

शेल्टर होम निर्माण की समयसीमा
सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली सरकार और संबंधित एजेंसियों को 8 हफ्तों के भीतर 5,000 कुत्तों की क्षमता वाले शेल्टर होम बनाने का निर्देश दिया है। इन शेल्टर्स में नसबंदी, टीकाकरण और देखभाल के लिए पर्याप्त स्टाफ की व्यवस्था अनिवार्य होगी। कोर्ट ने कहा कि यह काम समयबद्ध तरीके से पूरा होना चाहिए, क्योंकि देरी से और लोग कुत्तों के हमलों का शिकार हो सकते हैं।

हेल्पलाइन और त्वरित प्रतिक्रिया
अदालत ने एक हफ्ते के भीतर कुत्तों के काटने की शिकायतों के लिए हेल्पलाइन शुरू करने का आदेश दिया है। निर्देश के अनुसार, शिकायत मिलने के 4 घंटे के अंदर संबंधित कुत्ते को पकड़ना अनिवार्य होगा। कोर्ट ने चेतावनी दी है कि इन आदेशों के पालन में बाधा डालने वालों पर अवमानना की कार्रवाई होगी।

NCR के अन्य शहर भी दायरे में
यह आदेश सिर्फ दिल्ली तक सीमित नहीं है। नोएडा, गाजियाबाद और गुरुग्राम के अधिकारियों को भी यही निर्देश दिए गए हैं—आवारा कुत्तों को पकड़ने, शेल्टर बनाने और हेल्पलाइन शुरू करने की जिम्मेदारी अब इन क्षेत्रों पर भी है। कोर्ट ने साफ कहा कि इन आदेशों का पालन सख्ती से होना चाहिए और किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

सरकार का रुख
दिल्ली के विकास मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार इस आदेश को समय पर लागू करेगी। उन्होंने कहा, “यह फैसला दिल्ली को रेबीज और आवारा पशुओं के डर से मुक्त करने की दिशा में अहम कदम है। पशु विभाग सभी एजेंसियों के साथ मिलकर आदेश के प्रभावी क्रियान्वयन पर काम करेगा।”

RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments