Patel Nagar Murder: दिल्ली के पटेल नगर लोगों को हिला कर रख दिया। एक मामूली सा झगड़ा, एक पल की तकरार और देखते ही देखते एक पान दुकानदार की जान चली गई। वजह—उसने कुछ किशोर लड़कों को फ्री सिगरेट देने से मना कर दिया। इस इनकार ने उन कम उम्र के लड़कों के अंदर ऐसी हिंसा भर दी कि उन्होंने मिलकर दुकानदार पर चाकू से हमला कर दिया।
यह घटना देर रात की बताई जा रही है। पान की दुकान, जहाँ लोग रोज़ चाय-सिगरेट लेकर अपने दिन की थकान मिटाते हैं, उस रात तनाव के माहौल में बदल गई। दुकानदार रोज़ की तरह दुकान समेट रहा था कि तभी 5 किशोर वहाँ पहुँचे। कुछ देर हंसी-मज़ाक के बाद उन्होंने दुकानदार से सिगरेट माँगी। दुकानदार ने पैसे मांगे, लेकिन लड़कों ने जिद करते हुए सिगरेट मुफ्त देने की मांग कर दी।
दुकानदार ने सख्त लहजे में इनकार किया, और बस यहीं से मामला बिगड़ गया। गुस्से में तमतमाए एक लड़के ने धमकी दी, लेकिन दुकानदार ने बात को गंभीरता से नहीं लिया। थोड़ी ही देर में बात हाथापाई में बदल गई। इससे पहले कि दुकानदार कुछ समझ पाता, लड़कों ने पास में छुपाए चाकू निकाल लिए और उस पर ताबड़तोड़ वार कर दिए।

स्थानीय लोगों का कहना है कि दुकानदार बचने की कोशिश करता रहा, लेकिन हमलावरों ने उसे छोड़ने का कोई मौका नहीं दिया। वारदात के बाद आरोपी मौके से भाग गए और दुकानदार को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने आसपास के CCTV फुटेज और स्थानीय लोगों से पूछताछ कर कुछ ही घंटों में सभी 5 नाबालिग आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। पुलिस का कहना है कि सभी आरोपी कम उम्र के हैं और इलाके में घूमने-फिरने के दौरान अक्सर दुकानों पर बदतमीजी करने के लिए जाने जाते थे।
इस घटना ने इलाके में गुस्सा और डर दोनों पैदा कर दिए हैं। लोग कह रहे हैं कि अगर छोटी-सी सिगरेट के लिए कोई जान ले सकता है, तो समाज में बच्चों के भीतर बढ़ती हिंसा और गलत संगत को गंभीरता से समझने की जरूरत है। कई स्थानीय दुकानदारों ने भी पुलिस से सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है, क्योंकि ऐसी वारदातें छोटे व्यवसायियों के लिए लगातार खतरा बनती जा रही हैं।
पुलिस अब यह जांच कर रही है कि इन नाबालिगों के पास हथियार कहाँ से आए और क्या इलाके में कोई बड़ा गैंग उनके पीछे काम कर रहा है। साथ ही, बाल न्याय बोर्ड के सामने पेश करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
यह घटना सिर्फ एक हत्या नहीं—यह सवाल है कि आखिर वह कौन-सा माहौल है जो कम उम्र के लड़कों को इतनी बर्बरता करने पर मजबूर कर देता है। समाज, परिवार और कानून—सभी के लिए यह एक चेतावनी है कि समय रहते ऐसे व्यवहारों पर लगाम न लगाई गई, तो परिणाम और भी खतरनाक हो सकते हैं।
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