नई दिल्ली: दक्षिण दिल्ली के प्रतिष्ठित महिला शिक्षण संस्थान, गार्गी कॉलेज में हुए एक कथित हंगामे ने राजधानी की सियासत में उबाल ला दिया है। आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता और कैबिनेट मंत्री सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया है कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के कार्यकर्ताओं ने कॉलेज परिसर में न केवल तोड़फोड़ की, बल्कि जबरन अंदर भी घुस गए। इस पूरे घटनाक्रम के दौरान पुलिस की कथित निष्क्रियता पर भी बड़े सवाल खड़े किए गए हैं।
“दरवाजे तोड़कर घुसे गुंडे” – सौरभ भारद्वाज का दावा
सौरभ भारद्वाज ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर घटना का जिक्र करते हुए लिखा कि गार्गी कॉलेज, जो कि पूरी तरह से एक गर्ल्स-ओनली कॉलेज है, वहां ABVP के कार्यकर्ताओं ने तानाशाही दिखाई। उन्होंने आरोप लगाया कि DUSU (दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ) के अध्यक्ष की मौजूदगी में छात्रों के एक समूह ने कॉलेज के दरवाजे तोड़ दिए और पुलिस की मौजूदगी में ही जबरन परिसर में प्रवेश किया।
पुलिस और एलजी की भूमिका पर सवाल
अपनी पोस्ट में भारद्वाज ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर (@CPDelhi) को टैग करते हुए तीखे सवाल किए हैं:
- FIR क्यों नहीं?: पुलिस की मौजूदगी में हुई इस घटना के बावजूद अब तक FIR दर्ज क्यों नहीं की गई?
- एलजी की चुप्पी क्यों?: दिल्ली के उपराज्यपाल (@LtGovDelhi) ने इस मामले में संज्ञान लेकर FIR के निर्देश क्यों नहीं दिए?
महिला सुरक्षा पर उठा बड़ा सवाल
AAP नेता ने इस घटना को बीजेपी के ‘महिला सशक्तिकरण’ के दावों पर एक तमाचा बताया है। उन्होंने सवाल किया कि क्या यही बीजेपी की महिला सुरक्षा की नीति है, जहां एक गर्ल्स कॉलेज के भीतर ही बाहरी लोग जबरन घुसकर कानून व्यवस्था को चुनौती दे रहे हैं? उन्होंने इसे महिला शिक्षण संस्थानों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करार दिया है।
छात्र संघ चुनाव और राजनीति
सूत्रों के अनुसार, यह विवाद छात्र राजनीति से प्रेरित बताया जा रहा है। हालांकि, कॉलेज प्रशासन या एबीवीपी की ओर से अभी तक इस पर कोई विस्तृत आधिकारिक बयान नहीं आया है। गार्गी कॉलेज के छात्रों और वहां के सुरक्षा तंत्र पर उठे इस सवाल के बाद अब स्थानीय पुलिस प्रशासन पर भारी दबाव है कि वह जल्द से जल्द इस मामले में पारदर्शी जांच करे और दोषियों पर सख्त कार्रवाई करे।

