सामग्री पर जाएँ
ताज़ा
सपनों का शहर और भागती रफ्तार के साथ खोता सुकूनहरियाणा दिवस पर पानीपत आएंगी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रशासन ने शुरू की तैयारियांभारत बनाम दुनिया: महिलाओं की स्थितिनोएडा: यूनिटेक के भूखंडों से तुरंत हटाएं अवैध कब्जे, सुप्रीम कोर्ट का प्रशासन को सख्त निर्देशदिल्ली में इस महीने की सबसे ठंडी सुबह दर्ज, 21 अक्टूबर से 'खराब' हो सकती है हवामेरठ के चर्चित नीला ड्रम कांड के 18 महीने बाद भी सील है मकान, बेबसी में बुजुर्ग दंपती

मेरठ के चर्चित नीला ड्रम कांड के 18 महीने बाद भी सील है मकान, बेबसी में बुजुर्ग दंपती

मेरठ के ब्रह्मपुरी में बहुचर्चित हत्याकांड के बाद पुलिस द्वारा सील किए गए मकान का ताला न खुलने से बुजुर्ग दंपती आर्थिक तंगी और बदनामी झेलने को मजबूर हैं।

Delhi Darpan Desk
Delhi Darpan Deskसमाचार डेस्क
शेयर
20 अक्तूबर 2026 · 7:03 am52 व्यूज़अपडेटेड 7:03 am
मेरठ के चर्चित नीला ड्रम कांड के 18 महीने बाद भी सील है मकान, बेबसी में बुजुर्ग दंपती
मेरठ के चर्चित नीला ड्रम कांड के 18 महीने बाद भी सील है मकान, बेबसी में बुजुर्ग दंपती — staff

मेरठ के ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र में हुए बहुचर्चित नीला ड्रम हत्याकांड में अदालत द्वारा दोषियों को फांसी की सजा सुनाए जाने के बाद भी वारदात से जुड़े मकान का एक हिस्सा पिछले 18 महीने से सील पड़ा है। इस मकान के मालिक 75 वर्षीय ओमपाल ने पुलिस और प्रशासन से अपने घर का ताला खोलने की गुहार लगाई है। बुजुर्ग दंपती का कहना है कि पुलिस की कार्रवाई के बाद से उनका गुजारा मुश्किल हो गया है।

इंदिरा नगर स्थित 200 गज के इस दो मंजिला मकान के एक हिस्से में ओमपाल अपनी 65 वर्षीय पत्नी के साथ रहते हैं, जबकि अन्य हिस्सों को उन्होंने किराए पर दिया हुआ था। इसी मकान के निचले हिस्से में सौरभ राजपूत और मुस्कान किराए पर रहते थे, जहां सौरभ की हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद से स्थानीय पुलिस ने मुख्य गेट से लेकर अंदर तक के हिस्से को सील कर ताला लगा रखा है और चाबी अपने पास रखी है।

मकान मालिक ओमपाल के अनुसार, मामले में फैसला आने के बावजूद पुलिस ताला नहीं खोल रही है। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने पुलिस से मकान देखने की अनुमति मांगी, तो अधिकारियों ने कहा कि अदालत के स्पष्ट आदेश के बाद ही इसे खोला जा सकता है। कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाने के लिए उन्होंने एक वकील की मदद भी ली, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकल सका है।

मकान का हिस्सा सील रहने से बुजुर्ग दंपती को गंभीर आर्थिक और सामाजिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ओमपाल ने बताया कि वारदात के बाद से न तो कोई इस मकान को किराए पर लेने को तैयार है और न ही कोई इसे खरीदने आ रहा है। पड़ोसियों और रिश्तेदारों ने भी उनसे दूरी बना ली है, जिससे वे मानसिक तनाव और बीमारियों से जूझ रहे हैं।

ओमपाल ने बताया कि सौरभ का परिवार वर्ष 2022 से इस मकान में रह रहा था। शुरुआत में 3,500 रुपये महीना किराया तय हुआ था, जो बाद में बढ़कर 6,000 रुपये हो गया था। बाद में सौरभ नौकरी के सिलसिले में लंदन चला गया था और मुस्कान अपनी बच्ची के साथ वहीं रहती थी। उस समय तक किराए को लेकर कभी कोई समस्या नहीं आई थी।

मूल रूप से हरियाणा के रहने वाले ओमपाल वर्षों पहले मेरठ आकर बस गए थे और यहां खंदक बाजार में कपड़ों का कारोबार करते थे। अपने इकलौते बेटे की असमय मौत के बाद बढ़ती उम्र को देखते हुए उन्होंने व्यापार बंद कर दिया था। इसके बाद से इसी मकान से आने वाले किराए से दोनों बुजुर्गों के जीवन और दवाइयों का खर्च चल रहा था।

इनसे संबंधितdelhi-ncrmeerutMeerutCrimeUttar Pradesh PoliceProperty Dispute#meerut #uppolice #crime#murdercase
शेयर

लेखक

टिप्पणियाँ

0

चर्चा में शामिल होने के लिए साइन इन करें। टिप्पणियाँ शिष्टता के लिए संचालित होती हैं।

आगे पढ़ें

संबंधित कवरेज

अलवर में दिल दहला देने वाली वारदात: मां ने दो मासूम बच्चों का गला रेता, फिर खुद भी की आत्महत्या592

अलवर में दिल दहला देने वाली वारदात: मां ने दो मासूम बच्चों का गला रेता, फिर खुद भी की आत्महत्या

अलवर के दांतिया गांव में 27 वर्षीय महिला ने कैंची से अपने 5 और 4 साल के बच्चों की जान लेने के बाद खुदकुशी कर ली।

दिल्ली में नशे की हालत में मिली अमेरिकी महिला, पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया1.8 हज़ार

दिल्ली में नशे की हालत में मिली अमेरिकी महिला, पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया

राजधानी में बेसुध मिली विदेशी महिला की मेडिकल जांच में चोट के निशान नहीं मिले, दूतावास और परिजनों को दी गई सूचना।

सोनीपत में दिल्ली के कारोबारी से लूट के चार दोषियों को 10-10 साल की कैद1.3 हज़ार

सोनीपत में दिल्ली के कारोबारी से लूट के चार दोषियों को 10-10 साल की कैद

सोनीपत की अतिरिक्त सत्र अदालत ने जुराब फैक्ट्री मालिक पर जानलेवा हमला कर नकदी और कागजात लूटने वाले चार दोषियों को कठोर कारावास की सजा सुनाई।