Sunday, May 17, 2026
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2019 के मुकाबले 2020 में काटे गए ज्यादा चालान

संवाददाता, दिल्ली दर्पण टीवी

दिल्ली।। ट्रैफिक पुलिस के स्पेशल कमिश्नर ताज हसन ने बताया कि 2019 में जहां अलग-अलग ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन में कुल 1,05,80,249 चालान काटे गए थे, वहीं पिछले साल कुल 1,38,02,975 चालान काटे गए।

पिछले साल इन्हीं दिनों दिल्ली में कोरोना दस्तक दे चुका था। मार्च की शुरुआत से ही पाबंदियों का सिलसिला शुरू हो गया था और फिर 24 मार्च से लॉकडाउन ही लग गया, जिसकी वजह से लोग अपने घरों में बंद रहने को मजबूर हो गए। केवल आवश्यक सेवाओं से जुड़े वही लोग अपने घरों से निकल पा रहे थे, जिन्हें पुलिस और प्रशासन की तरफ से विशेष पास जारी किए थे। मई के अंत तक दिल्ली की सड़कों पर कमोबेश सन्नाटा ही पसरा रहा और जब अनलॉक की प्रक्रिया शुरू हुई, तभी धीरे-धीरे लोग अपने घरों से निकल सके।

ऐसे में करीब तीन-चार महीने तक सड़कों पर न तो ज्यादा ट्रैफिक था और ना ट्रैफिक रूल तोड़ने वाले ज्यादा लोग थे। यहां तक कि कोविड के डर के चलते ट्रैफिक पुलिस ने ऑन स्पॉट चालान काटने पर पूरी तरह रोक तक लगा दी थी, जो कई महीनों तक जारी रही। ऐसे में जाहिर तौर पर यही सोचने में आएगा कि फिर तो 2019 के मुकाबले 2020 में ट्रैफिक पुलिस ने कम ही चालान काटे होंगे, मगर हुआ इसका उल्टा। दिल्ली पुलिस की सालान प्रेस कॉन्फ्रेंस में जो आंकड़े पेश किए गए, वो किसी को भी हैरान कर सकते हैं। ये आंकड़े बताते हैं कि 2019 के मुकाबले 2020 में ट्रैफिक पुलिस ने कोविड और लॉकडाउन के बावजूद ज्यादा चालान काटे, जिसकी बदौलत जुर्माने में वसूली गई रकम 100 करोड़ का आंकड़ा भी पार कर गई।

रोहिणी में बुजुर्ग महिला को चोरों ने बनाया अपना शिकार

मुकेश राणा, संवाददाता 

दिल्ली।। दिल्ली में अपराधियो को न पुलिस का खोफ है न ही इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों का जी है ताजा मामला रोहिणी सेक्टर 6 का है है जंहा ठगों ने एक बुजुर्ग महिला को शिकार बनाकर हिप्नोटाइज कर उनके हाथों ने सोने के कंगन तक उतरवा लिए ओर घटना को अंजाम देकर फरार हो गए लेकिन उनकी तस्वीर इलाके में लगे सीसीटीवी में रिकॉर्ड हो गई।


तस्वीरों में रोती बिलखती दिख रही महिला महेंद्र रानी और उनके पति सतीश रोहिणी सेक्टर 6 के इसी मकान में अपने परिवार के साथ रहते है शुक्रवार रात घर के पास लगने वाले बाजार में बुजुर्ग महिला सब्जी लेने के लिए गई तो घर से कुछ ही दूरी पर 2 लड़के खड़े मिले जिन्होंने महिला को अपनी बातों में बहला फुसलाकर हिप्नोटाइज कर लिया और साथ में खाली पड़े प्लाट के पास ले गए और महिला को बेसुद कर उनके हाथों से 6 तोले के सोने के कंगन उतरवा लिए ओर फरार हो गए कुछ देर बाद जब महिला को होश आया तो उनके हाथों से सोने की चूड़ियां गायब थी।

मामले की जानकारी रोहिणी नार्थ थाना पुलिस को लगी तो इलाके में लगे सीसीटीवी (फुटेज लगायें) कैमरों को खंगाला गया जिसमें 2 युवक महिला से बात करते हुए और महिला उनके पीछे जाती दिखाई दी। जिसके बाद अब बुजुर्ग दंपति का रो रो कर बुरा हाल है उन्हें समझ नही आ रहा कि देखते ही देखते उनके सामने ये सब कैसे हो गया।

बीजेपी के बाद आप के कार्यकर्ता भी लेने पहुंचे हनुमान जी का आशीर्वाद

संवाददाता, दिल्ली दर्पण टीवी

दिल्ली।। दिल्‍ली बीजेपी के प्रभारी आदेश गुप्‍ता ने चांदनी चौक के हनुमान मंदिर को ‘दिल्लीवासियों की आस्था का प्रतीक’ बताया। उन्‍होंने एक ट्वीट में कहा, “अरविंद केजरीवाल सरकार द्वारा मंदिर को तोड़े जाने पर जन-जन की आस्था टूटी थी, आज मंदिर की पुन:स्थापना से उसकी वापसी हुई है।

भारत में मंदिर को लेकर सियासत पहली घटना नहीं है मगर दिल्ली की राजनीति में चांदनी चौक का हनुमान मंदिर केंद्र बनता जा रहा है। तीन दिन पहले तक चांदनी चौक के जिस हनुमान मंदिर को तोड़े जाने को लेकर राजनीतिक दलों में खींचतान चल रही थी। गुरुवार को उसी जगह रातोंरात मंदिर खड़ा कर दिया गया। शुक्रवार को सारा दिन नेताओं का आना जाना लगा रहा और बीजेपी ने मंडली के साथ हनुमान चालीसा का पाठ किया। अब बीजेपी जब इतना आगे आगे हो रही थी तो आप कैसे पीछे रह सकती थी।

शुक्रवार को बीजेपी के तमाम नेता मंदिर प्रांगण में मौजूद रहे। बीजेपी ने यहां पर हनुमान चालीसा का पाठ भी करवाया। आज वहां पर आम आदमी पार्टी के नेताओं का जमावड़ा लगा रहा। आप नेता दुर्गेश पाठक हनुमान मंदिर पहुंचे। साथ में चांदनी चौक के AAP विधायक प्रह्लाद सिंह साहनी भी मौजूद रहे। उन्होंने कार्यकर्ताओं के साथ हनुमान चालीसा का पाठ किया। इसके साथ ही चांदनी चौक स्थित हनुमान मंदिर के पुजारी अशोक कुमार शर्मा ने बताया कि आज दिनभर हनुमान चालीसा पाठ का आयोजन किया गया है। मंदिर को चारों तरफ से भव्य रूप से भगवा झंडों, गुब्बारों से सजाया गया है। बीजेपी के नेताओं का मंदिर में आने का कार्यक्रम है।

अब “आप” के हो रहे विपक्षी

संवाददाता, दिल्ली दर्पण टीवी

दिल्ली।। आम आदमी पार्टी ने दूसरे दलों के नेताओं कार्यकर्ताओं के लिए रास्त क्या खोले “आप ” में शामिल होने वालों की लाइन लग गयी। दिल्ली में बीजेपी और कांग्रेस के किए नेताओं ने आप की टोपी पहन कर अरविन्द केजरीवाल को अपना नेता मान लिया। कुछ बड़े नेता दिल्ली नगर निगम उपचुनाव के परिणामों का इंतजार कर रहे है। जाहिर है अगले साल होने वाले नगर निगम चुनावों से पहले बड़ी संख्या में नेताओं के पाला बदलने की पूरी संभावना है। इसमें सबसे ज्यादा आप में शामिल होने की सोच रहे है।

आम आदमी पार्टी ने दूसरे दलों के नेताओं के लिए अपने दिल के द्वार क्या खोले “आप ” में शामिल होने वाले नेताओं की कतार लग गयी सबसे ज्यादा भगदड़ कांग्रेस में मची है। दिल्ली में कांग्रेस के कई नेता और पार्षदों हाथ से हाथ झटककर “झाड़ू ” पकड़ ली है। इससे कांग्रेस के कई बड़े नेता निराश है तो कई गुस्से में है।

अभी हाल ही में हुए दिल्ली विधान सभा चुनाव से पहले कांग्रेस के कई बड़े दिग्गज नेता समय की नजाकत को समझ “आप ” में आने को आतुर थे। लेकिन उनकी शर्तें देखकर आम आदमी पार्टी ने उन्हें भाव नहीं दिया। अब जब आम आदमी पार्टी देश भर में पार्टी के विस्तार करने की मुहीम में लगी है तो उससे अपना रुख लचीला किया और कई राज्यों के चुनावों को देखते हुए अपने संविधान में संशोधन किया और  दूसरी पार्टी से आये नेताओं और उनके परिजनों को भी टिकट देना स्वीकार किया।

दिल्ली में भी अगल साल नगर निगम चुनाव है। दूसरी पार्टियों को भी लगता है कि दिल्ली में इस समय “आप ” की लहार है लिहाज़ा वे इस पर सवार होने की होड़ लग गयी है। कांग्रेस के कई बड़े नेता भी “आप “के सम्पर्क में है और सही समय का इंतजार कर रहे है। सही समय शायद दिल्ली नगर निगम उपचुनावों का परिणाम ही है। ये परिणाम दिल्ली नगर निगम चुनावों का सेमीफइनल और दिल्ली की जनता का मूड माने जा रहे है। इस मूड के बाद दिल्ली कांग्रेस और बीजेपी के कई बड़े नेताओं का मूड भी ” झाड़ू ” थमने का हो सकता है।