Sunday, May 17, 2026
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क्या वार्ड 32 के दिल में इस बार कांग्रेस की सरकार ?

शिवानी मोरवाल, दिल्ली दर्पण टीवी

दिल्ली।। दिल्ली में हो रहे उपचुनावों में सभी पार्टियां ज़ोरो शोरों से अपनी पूरी ताकत लगा रही हैं और साथ ही लोगों के सामने अपने कामों को गिनवा रही हैं। आपको बता दें कि वार्ड 32 में हो रहे उपचुनावों के प्रत्याशी लगातार लोगों से मिल रहे हैं और उन्हें जितने के बाद विकास करने का आश्वासन दे रहे है।

बता दें कि वार्ड 32 से कांग्रेस की प्रत्याशी मेमवती बरवाला भी पदयात्रा निकाल कर जनता से मिल रही हैं। जब मेमवती बरवाला वार्ड 32 के ए ब्लॉक में पहुंची तो लोगों ने अपनी सभी समस्याओं से उनको अवगत कराया और बताया कि इस इलाके की क्या हालात हो गई है। हम आपको ये भी बता दें कि वार्ड 32 के कई इलाके ऐसे भी है, जहां पानी की किल्लत है। अगर पानी आता भी है तो बहुत गंदा, जिसे पिना अब लोगों की मजबूरी बन चुका है। जब इस बारे में प्रत्याशी मेमवती बरवाला से पुछा गया कि इस इलाके में वो लोगों को कैसे मनाएंगी। तो मेमवती बरवाला का कहना था कि हम लोगों को नहीं मनाएंगे बल्कि हम लोगों को इस बार विकास करके दिखाएंगे।

जब पदयात्रा के दौरान लोगों से पुछा गया कि वो इस बार विकास को देखकर वोट देंगे या विश्वास पर, तो लोगों का कहना था कि हम विश्वास तो हर बार हर पार्टी पर करते है, पर हमें लगता है कि इस बार हम विकास यानी कांग्रेस को अपना वोट दे और साथ हमें उम्मीद भी इस बार कांग्रेस से ही है कि वो इस बार इलाके में पार्षद बनकर आएगी और हमारी समस्याओं का समाधान करेगी।   

निगम पार्षद मंजू खंडेलवाल का आप के कार्यकर्ताओं ने किया घेराव

डिम्पल भारद्वाज, संवाददाता

दिल्ली।। दिल्ली नगर निगम चुनाव नजदीक है तो अब ऐसी तसवीरें भी आपको अपने इलाके में देखने को मिलेंगी। स्थानीय पार्षद जनता के नजदीक आकर उनकी समस्याएं जानने की कोशिश  करेंगे तो विपक्ष नेता उसका विरोध करेंगे। आज सावन पार्क वार्ड में भी ऐसा ही हुआ स्थानीय निगम  पार्षद और केशव पुरम जोन की डिप्टी चैयरमैन मंजू खंडेलवाल अशोक विहार फेज -3 की समस्याओं का जायजा लेने पहुंची और वहां आम आदमी पार्टी के स्थानीय कार्यकर्ता भी पहुंच गए। उसके बाद नजारा कुछ ऐसा था आम आदमी पार्टी से जुड़े कार्यकताओं ने आरोप लगाया कि मंजू खंडेलवाल चार साल बाद इलाके में आयी है। मंजू खण्डेलवाल ने इस आरोप पर नाराजगी जाहिर की औऱ कहा की जो विरोध कर रहे है उन्होंने अभी अभी आप को टोपी पहनी है और राजनीती करने आये है।

मंजू खण्डेवाल ने फेज -3 जनता फ्लैट की हर गली को देखा। उन्हें शिकायतें थी की उनके इलाके में कूड़ा नहीं उठता, नालियां साफ़ नहीं होती औऱ साथ ही चोरियां होती है। इस पुरे दौरे के दौरान आम आदमी पार्टी के कार्यकर्त्ता भी साथ साथ चल रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया की पार्षद पूरी तरह फ़ैल है।

मंजू खंडेलवाल ने स्थानीय लोगों के साथ साथ आम आदमी पार्टी कार्यकर्ताओं के सवाल भी सुने और आरोप भी सुने। सुनना भी लाज़मी था, अब चुनाव जो नजदीक आ रहे है। पाषर्द महोदया अब ज्यादा ही सक्रीय हो गयी है, लोगों के सवालों का सामना करने को भी तैयार है और सियासत करने वालों का जबाब देने को भी तैयार है। लेकिन उनकी दिक्कत यह है की एमसीडी की खस्ता हालत के चलते वे विकास कार्य नहीं करवा पा रही है। ऐसे में लोगों की समस्यायों को सुनना और साफ़ सफाई करवा देना भी लोगों के लिए थोड़ी राहत होगी। कहने की जरूरत नहीं की अब ऐसी राहत मिलाती रहेगी।

दिशा रवि ने उच्च न्यायालय में दर्ज की याचिका

काव्या बजाज, संवाददाता

नई दिल्ली। ग्रेटा थनबर्ग द्वारा शेयर की गई टूलकिट के मामले में पुलिस ने कुछ दिन पहले दिशा रवि को गिरफ्तार किया था। जिसके बाद अब दिशा नें उच्च न्यायालय में याचिका दर्ज कर कोर्ट से अपील की है कि उनकी चैट और निजी जानकारी को आगे फैलाया जा रहा है। याचिका के जरिए उन्होंने कहा कि पुलिस और मीडिया को नोटिस भेजा जाए, ताकि वह उनकी निजी जानकारी को लोगों तक पहुँचाने में कामयाब ना हो सकें।

वकील अभिनव सेखरी के जरिए याचिका दर्ज करवाने के बाद कोर्ट ने पुलिस और दो मीडिया हाउस को नोटिस भेज कर उनसे जवाब मांगा है। जिस पर सॉलिसीटर जनरल तुषार महता ने कोर्ट को जवाब देते हुए कहा कि उन्होंने किसी की भी जानकारी मीडिया तक नहीं पहुँचाई है। 

आपको बता दें कि दिशा का कहना है कि उसे बदनाम करने के लिए उनकी निजी जानकारी मीडिया को दी जा रही है। कुछ मीडिया चैनल पर आरोप लगाते हुए, उन्होंने कहा कि किसी व्यक्ति से हुई उनकी बात को लोगों के बीच ले कर जाना कहां तक उचित है। यह उनका निजी मामला है, जिसमें किसी को भी दखल देने का कोई हक नहीं है। यही कारण है, जिसकी वजह से इस पर प्रतिबंध लगना बेहद जरूरी हो चुका है।

वैक्सीनेशन की दौड़ में एम्स ने बनाया रिकॉर्ड

संवाददाता दिल्ली दर्पण टीवी

दिल्ली।। अब तक कोरोना वैक्सीनेशन में पिछड़ रहे देश के सबसे बड़े मेडिकल इंस्टिट्यूट एम्स ने एक ही दिन में 600 वैक्सीनेशन कर नया रिकॉर्ड कायम कर दिया है। आखिरकार एम्स ने अपने नाम की प्रतिष्ठा के अनुरूप एक दिन में अब तक का सबसे बड़ा रेकॉर्ड बना दिया है। यह एम्स की ही नहीं, किसी भी अस्पताल की एक दिन में वैक्सीनेशन करने की सबसे बड़ी संख्या है।



इससे पहले एलएनजेपी ने एक ही दिन में डबल सेंचुरी लगाई थी, लेकिन पहली बार दिल्ली में किसी एक अस्पताल ने एक दिन में 600 वैक्सीनेशन किया है। हालांकि, सूत्रों का कहना है कि इसकी वजह 25 फरवरी तक पहली डोज पूरा करने का लक्ष्य दिल्ली सरकार द्वारा दिया गया है, जिसकी वजह से वैक्सीनेशन में इतना बड़ा इजाफा हुआ है।

जानकारी के अनुसार, एम्स में गुरुवार को कुल 600 वैक्सीनेशन हुए। इनमें से 579 पहली डोज वाले और 21 दूसरी डोज वाले हैं। हालांकि गुरुवार को 600 से ज्यादा रजिस्ट्रेशन हुए थे जिनमें से 579 वैक्सीनेशन हुए। एम्स में इससे पहले कभी इतने वैक्सीनेशन किसी एक दिन में नहीं हुए थे। वैक्सीनेशन को लेकर एम्स की परफॉर्मेंस अब तक निराशाजनक रही है, लेकिन वैक्सीनेशन के 25वें सेशन में एम्स ने ऐसा रिकॉर्ड बना दिया जिसे पार कर पाना किसी के लिए भी आसान नहीं होगा। हालांकि एम्स सूत्रों का कहना है कि शुक्रवार और शनिवार को भी बड़ी संख्या में हेल्थकेयर वर्कर्स वैक्सीन लगवा सकते हैं।

परीक्षा में जवाब नहीं आता तो कुछ भी लिखोगें तो मिलेंगे नंबर – शिक्षा निदेशक उदित राय

शिवानी मोरवाल, संवाददाता

दिल्ली।। दिल्ली के शिक्षा निदेशक उदित राय गुरुवार को सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आने के बाद विवाद में घिर गए। इसमें वह एक सरकारी स्कूल में छात्रों से परीक्षा के दौरान किसी भी तरह उत्तर पुस्तिकाएं भरने और उन्हें खाली ना छोड़ने के लिए कह रहे हैं। आपको बता दे कि कक्षा 12वीं के छात्रों से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) से कहा गया है कि अगर छात्र अपनी उत्तर पुस्तिकाओं में कुछ लिखते हैं, तो उन्हें अंक दें।


वीडियों के सामने आने के बाद कांग्रेस और बीजेपी ने इस वीडियो को लेकर दिल्ली सरकार पर निशाना साधा जबकि सरकारी अधिकारियों ने कहा कि राय की टिप्पणियों को संदर्भ से बाहर ले जाया गया है। वायरल वीडियो में राय कक्षा 12 के छात्रों को उत्तर पुस्तिकाएं भरने का निर्देश देते हुए नजर आ रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘यदि आप जवाब नहीं जानते हैं, तो कुछ भी लिखें। उत्तर पुस्तिकाओं में प्रश्नों को उत्तर की जगह लिख दें लेकिन उत्तर पुस्तिका को खाली न छोड़ें।’


राय ने कहा कि हमने आपके शिक्षकों से बात की है और उन्होंने कहा है कि वे आपको अंक देंगे बशर्ते उत्तर पुस्तिकाओं में कुछ लिखा हो। हमने सीबीएसई से यह भी कहा है कि अगर कोई बच्चा कुछ लिखता है तो उन्हें अंक दिया जाना चाहिए। बार-बार कोशिश करने के बावजूद राय ने वीडियो पर कोई टिप्पणी नहीं की। सीबीएसई अधिकारियों ने भी इस पर टिप्पणी करने से इनकार करते हुए कहा कि शिक्षा विभाग ही वीडियो के संदर्भ के बारे में बता सकता है।