Tuesday, May 19, 2026
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दिल्ली में एक ही परिवार के चार लोगों ने की आत्महत्या, जानिए क्या है कारण ?

अंशुल त्यागी, संवाददाता

नई दिल्ली।। राजधानी दिल्ली के रोहिणी इलाके के नाहरपुर गाँव में बृहस्पतिवार सुबह उस वक्त सनसनी फैल गई जब एक घर के अंदर पूरे परिवार की मौत की खबर इलाके में फैली। आशंका है कि पेशे से बस चालक धीरज यादव ने अपनी पत्नी और दो बच्चों की पहले हत्या की और उसके बाद खुद को भी मौत के घाट उतार लिया।

जानकारी के मुतबिक धीरज नशे का आदी था और आए दिन पति पत्नी के बीच में इस कारण झगड़े होते थे, इनके 6 साल और 3 साल के दो बच्चे भी थे जो दिव्यांग थे, जानकारी के मुताबिक बीती रात भी पति पत्नी के बीच विवाद हुआ कई घंटों तक झगड़ा चलता रहा और आखिरकार सब कुछ शांत हो गया, लेकिन सुबह पता चला कि घर के अंदर पूरा परिवार मौत की नींद सो रहा है. दरअसल धीरज के पिता जब उसको उठाने के लिए पहुंचे तो देखा कि दरवाजा अंदर से बंद है और धीरज फांसी के फंदे से झूल रहा था

हैरानी की बात ये है कि इस मामले में पुलिस मौके पर पहुंची और उसके बाद जब मीडिया कर्मी मौके पर पहुंचकर कवरेज कर रहे थे तो कुछ पुलिसवालों द्वारा मीडिया कर्मियों के साथ बदसलूकी की गई औऱ मीडिया को कवरेज करने से रोका गया। जिसके पीछे शायद रोहिणी में लगातार हो रही घटनाओं को छुपाने की कोशिश भी एक कारण हो सकती है।

फरीदाबाद में स्थानीय लोगों ने किया हुड्डा प्रशासन का विरोध

मनोज सूर्यवंशी, संवाददाता

दिल्ली एनसीआर।। फरीदाबाद में हुड्डा प्रशासन के आदेश पर फरीदाबाद के झाड़सैतली गांव में बिजली विभाग द्वारा पावर हाउस बनाए जाने पर ग्रामीणों ने बिजली बोर्ड कर्मचारियों का किया विरोध ग्रामीणों ने कहा किसी कीमत पर गांव के पार्क में नहीं बनने दिया जाएगा।

हाथों में लठ्ठ लेकर खड़ी हुई महिलाएं फरीदाबाद के गांव झाडसैतली की है जो कि अपने गांव के पार्क में बनाए जा रहे बिजली पावर हाउस के विरोध में हाथों में लट्ठ लेकर खड़ी हुई है। दरअसल आपको बता दें हुड्डा प्रशासन के आदेश पर बिजली विभाग की तरफ से गांव झाड़सैतली के पार्क में बिजली पावर हाउस बनाने की तैयारी को लेकर बिजली विभाग के कर्मचारी गांव झाड़सैतली के पार्क पहुंचे पार्क में पहुंचने के बाद ग्रामीणों ने जमकर बिजली कर्मचारियों का विरोध किया।

ग्रामीणों ने कहा किसी भी कीमत पर अपने गांव के पार को बिजली विभाग को नहीं देंगे जब यह पार बदतर हालात में था तब किसी ने भी इसके बारे में नहीं सोचा और जब इस गांव के पास गांव के लोगों ने सुंदर और डेवलप कर दिया है तो आज हुड्डा प्रशासन यहां पर पावर हाउस खोलने की बात कर रहा है हम किसी भी कीमत पर अपने पार्क में पावर हाउस नहीं खुलने देंगे

सफदरजंग अस्पताल के ICU वार्ड में लगी भीषण आग

संवाददाता, दिल्ली दर्पण टीवी

नई दिल्ली।। दिल्ली में बुधवार को बड़ी घटना होने से टल गई। आपको बता दें कि बुधवार सुबह सफदरजंग अस्पताल के ICU वार्ड में सुबह आग लग गई, लेकिन शुक्र की बात यह रही कि वहां भर्ती सभी 50 मरीजों को समय रहते शिफ्ट कर दिया गया। आग को बुझाने में फायर ब्रिगेड कर्मियों ने जिस तरह से तेजी दिखाई, उससे इस पर समय रहते काबू पा लिया गया।

दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में सुबह उस वक्त भगदड़ मच गई, जब एक आईसीयू वॉर्ड में आग लगने की सूचना मिली। जानकारी के मुताबिक ब्लॉक-एच में वॉर्ड नंबर-11, जो कि आईसीयू वॉर्ड है उसके वेंटिलेटर में शॉर्ट सर्किट होने की वजह से आग लग गई और देखते ही देखते फैल गई।

हालांकि इस वॉर्ड में भर्ती 50 मरीजों को सुरक्षित दूसरे वॉर्ड में शिफ्ट कर दिया गया और किसी के हताहत होने की सूचना नहीं मिली। इस आग पर दिल्ली फायर सर्विस की नौ गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर काबू पाया।

दिल्ली में कोरोना का शिकार बन रहे है युवा- गुलेरिया

नई दिल्ली।। दिल्ली में कोरोना के बढ़ते मामलों को लेकर एम्स निदेशक डॉ. रणदीप गुलेरिया का कहना है कि कोरोना युवाओं को अपनी चपेट में ज्यादा ले रहा है। हालांकि उनमें लक्षण हल्के हैं। बता दें कि डॉ. गुलेरिया ने दिल्ली में कोरोंना के बढ़ते मामलों के मद्देनजर सभी को सचेत रहने की सलाह दी है।

उनका कहना है कि संक्रमण अधिक उम्र वाले लोगों में फैल सकता है और लक्षण भी गंभीर किस्म के हो सकते हैं। अगर ऐसा हुआ तो एक बार फिर स्वास्थ्य संसाधनों पर बोझ पड़ सकता है।

कोरोना को देखते हुए इस समय देश के कई हिस्सों में तरह-तरह के प्रतिबंध लगाए जा रहे हैं और साथ ही लॉकडाउन के विकल्प पर भी विचार कर रहे हैं। इसे लेकर डॉ. गुलेरिया ने कहा कि संक्रमण के फैलाव को रोकने के लिए कंटेनमेंट जोन एक बेहतर विकल्प हो सकता है। हालात को देखते हुए अधिक सतर्क रहने की जरूरत है। 

दिल्ली में कोरोना फिर हुआ बेकाबू, लोग हुए परेशान

जूही तोमर, संवाददाता

नई दिल्ली।। दिन प्रतिदीन कोरोना का संक्रमण दिल्ली में बढ़ता ही जा रहा है भर्ती मरीजों की संख्या में हर सप्ताह इजाफा हो रहा है। वही छत्तीसगढ़ में भी मेला का कार्यक्रम आयोजित किया गया था जिसमें 180 लोगों के संक्रमित होने की खबर सामने आई है।

देश में चल रही कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर का असर दिल्ली में भी दिखने लगा है। 20 दिन में ही यहां स्थिति पूरी तरह बदल गयी है। कोरोना के सक्रिय मामले, मौत के आंकड़े, संक्रमण दर, औसतन दैनिक मामले और अस्पतालों में भर्ती मरीजों की संख्या में हर सप्ताह इजाफा हो रहा है। इस स्थिति पर स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी चिंता व्यक्त की है और दिल्ली को देश के 10 सबसे प्रभावित शहरों की सूची मे रखा है।राजधानी में  10 से 16 मार्च के दौरान कोरोना के 698मामले आए थे, जबकि 24 से 30 मार्च के बीच 1912 केस आए हैं। इसी प्रकार मौत के मामलों में भी इजाफा हो रहा है। 10 से 16 मार्च के बीच 4 लोगों की मौत हुई थी, जबकि 24 से 30 मार्च को यह आंकड़ा बढ़कर 11 हो गया है। कुल मरीजों की बात करें तो बीते 20 दिन में ही 19 हजार लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई है।

वही आपकों बता दे की छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में भी कोरोना वायरस का संक्रमण अब गांवों में भी पैर पसार रहा है। जिले के ढौर गांव में ही 180 लोग कोरोना संक्रमित पाए गए हैं। इस गांव में कुछ दिनों पहले झांकी और मेला का कार्यक्रम आयोजित किया गया था, जिससे ही यह संक्रमण फैलने की आशंका जताई जा रही है। लेकिन अचानक इस तरह एक गांव में 180 लोगों के संक्रमित होने से प्रशासन सकते में आ गया है। वहीं इसे हॉटस्पॉट घोषित कर गांव को कंटेनमेंट जोन बना दिया गया है।