दिल्ली में बारिश के बाद सीजन का पहला कोहरा, दृश्यता घटी और एक्यूआई मध्यम श्रेणी में पहुंचा
राजधानी में शनिवार सुबह सफदरजंग और पालम पर दृश्यता 500 से 800 मीटर तक गिरी, दिन का पारा बढ़कर 27.9 डिग्री दर्ज किया गया।

राजधानी दिल्ली में शुक्रवार को हुई व्यापक बारिश के बाद शनिवार की सुबह मौसम की पहली धुंध दर्ज की गई। सुबह के समय सफदरजंग और पालम हवाई अड्डों के आसपास दृश्यता के स्तर में भारी गिरावट आई। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के आंकड़ों के मुताबिक, सुबह के समय शहर के कई हिस्सों में उथले कोहरे की स्थिति बनी रही।
आईएमडी के अनुसार, शनिवार सुबह 6:30 बजे सफदरजंग में दृश्यता गिरकर 500 मीटर रह गई, जबकि शुक्रवार को इसी समय यह 4,000 मीटर दर्ज की गई थी। वहीं पालम में दृश्यता शुक्रवार के 4,000 मीटर के मुकाबले घटकर 800 मीटर पर आ गई। मौसम विभाग के मानकों के तहत 500 से 1,000 मीटर के बीच की दृश्यता को 'उथला कोहरा' माना जाता है।
मौसम में आए इस बदलाव के बीच शनिवार को दिल्ली की वायु गुणवत्ता में भी गिरावट देखी गई और यह 'मध्यम' श्रेणी में पहुंच गई। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार, शनिवार को 24 घंटे का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 117 दर्ज किया गया। इससे पहले शुक्रवार को बारिश के चलते यह सुधरकर 60 के स्तर पर यानी 'संतोषजनक' श्रेणी में था।
बारिश की गतिविधियां थमने के बाद शनिवार को दिन के तापमान में भी इजाफा हुआ। सफदरजंग केंद्र पर अधिकतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3.1 डिग्री कम था लेकिन शुक्रवार के तापमान से 7.2 डिग्री अधिक रहा। वहीं शहर का न्यूनतम तापमान 16.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो शुक्रवार के 17.2 डिग्री सेल्सियस से एक डिग्री कम था।
मौसम विभाग की शाम 5:30 बजे की रिपोर्ट के अनुसार, शनिवार को सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे के बीच पांचों प्रमुख मौसम केंद्रों पर कोई बारिश नहीं हुई। हालांकि, शनिवार सुबह 8:30 बजे समाप्त हुए 24 घंटों में सफदरजंग में 4.2 मिमी, पालम में 3 मिमी, लोधी रोड में 4 मिमी और रिज व आयानगर में 2.1-2.1 मिमी बारिश दर्ज की गई थी।
दूसरी तरफ, वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) द्वारा शनिवार को जारी रिपोर्ट में बताया गया कि इस साल अक्टूबर में दिल्ली की वायु गुणवत्ता में पिछले वर्षों के मुकाबले सुधार आया है। इस वर्ष अक्टूबर का मासिक औसत एक्यूआई 166 (मध्यम) दर्ज किया गया, जबकि पिछले वर्षों में यह 'खराब' श्रेणी में दर्ज होता रहा था। यह 2021 के बाद से अक्टूबर महीने का सबसे बेहतर औसत स्तर है।
सीएक्यूएम के आंकड़ों के अनुसार, जनवरी से अक्टूबर के दौरान दिल्ली का औसत एक्यूआई 167 रहा, जो पिछले साल की इसी अवधि के 170 से थोड़ा बेहतर है। इस दौरान 1 जनवरी से 29 अक्टूबर के बीच पीएम2.5 का औसत स्तर 69 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रहा, जबकि औसत पीएम10 की सांद्रता पिछले साल के 166 से बढ़कर 171 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज की गई।
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