सामग्री पर जाएँ
ताज़ा
निजामुद्दीन गोलीबारी मामला: दिल्ली हाईकोर्ट ने आरोपी मोहम्मद शाहरुख की अग्रिम जमानत याचिका की खारिजसोनीपत में ट्रैक्टर लोन की किस्त हड़पने वाला फाइनेंस कंपनी कर्मी गिरफ्तार, किसान से लिए थे 85 हजार रुपयेआर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर सिर्फ कंपनियों का नियंत्रण काफी नहीं, बने कड़ा सरकारी कानून: बिल गेट्समेरठ: हिस्ट्रीशीटरों को संरक्षण देने और लापरवाही के आरोप में चौकी प्रभारी लाइन हाजिरअमेरिका: डेट्रायट के क्लब में विवाद के बाद गोलीबारी, तीन लोगों की मौत और चार घायलWazirpur | मन की बात' के मंच पर साथ आए विरोधी नेता ! जिन्हें एक-दूसरे को देखना तक पसंद नहीं, वे भी दिखे साथ

कांवड़ यात्रा: बरेली से दिल्ली, आगरा और बदायूं रूट की रोडवेज बसें डायवर्ट, बढ़ेगा सफर का समय

कांवड़ यात्रा के मद्देनजर बरेली से दिल्ली, आगरा और बदायूं जाने वाली रोडवेज बसों के रूट में डायवर्जन किया गया है, जिससे सफर का समय और दूरी बढ़ जाएगी।

Delhi Darpan Desk
Delhi Darpan Deskसमाचार डेस्क
शेयर
29 जुलाई 2026 · 6:12 am3 हज़ार व्यूज़अपडेटेड 6:12 am
कांवड़ यात्रा: बरेली से दिल्ली, आगरा और बदायूं रूट की रोडवेज बसें डायवर्ट, बढ़ेगा सफर का समय
कांवड़ यात्रा: बरेली से दिल्ली, आगरा और बदायूं रूट की रोडवेज बसें डायवर्ट, बढ़ेगा सफर का समय — Amar Ujala

कांवड़ यात्रा को ध्यान में रखते हुए बरेली से दिल्ली, आगरा और बदायूं मार्ग पर चलने वाली रोडवेज बसों का संचालन वैकल्पिक रास्तों से किया जाएगा। बरेली-बदायूं मार्ग पर कांवड़ियों की भारी भीड़ के कारण सप्ताह में तीन दिन बसों को परिवर्तित मार्गों से चलाया जाएगा। इसके चलते यात्रियों के लिए यात्रा की दूरी और समय दोनों बढ़ जाएंगे।

रोडवेज अधिकारियों के अनुसार यह डायवर्जन व्यवस्था 31 जुलाई से शुरू होकर 24 अगस्त तक लागू रहेगी। इस दौरान प्रत्येक शुक्रवार रात 12 बजे से सोमवार रात 12 बजे तक बसों को बदले हुए रूट पर संचालित किया जाएगा। दिल्ली जाने वाले यात्रियों को भी इस अस्थायी मार्ग परिवर्तन का सामना करना पड़ेगा।

परिवहन निगम ने इस व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए चार चरणों का रूट चार्ट तैयार कर लिया है। क्षेत्रीय प्रबंधक अजीम ने चारों डिपो के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधकों को डायवर्जन योजना के अनुसार ही बसों के संचालन का निर्देश जारी किया है।

डायवर्जन के दौरान रोडवेज बसों का संचालन शहर के पुराने बस अड्डे से शुरू होगा। इसके बाद बसें पटेल चौराहा, चौकी चौराहा, बियावानी कोठी, मालियों की पुलिया और सेटेलाइट से होते हुए बड़ा बाइपास के रास्ते आगे के लिए रवाना होंगी।

इस डायवर्जन योजना के तहत बरेली से बदायूं, कासगंज, मथुरा, आगरा और अलीगढ़ जाने वाली बसें प्रभावित रहेंगी। रूट लंबा होने की वजह से यात्रा में अधिक समय लगेगा, जिससे सप्ताहांत में सफर करने वाले लोगों को असुविधा झेलनी पड़ सकती है।

मार्ग लंबा होने के बावजूद फिलहाल यात्रियों के लिए किराये में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है। एआरएम फाइनेंस राम अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि डायवर्जन प्लान तैयार है, लेकिन किराया वृद्धि को लेकर अभी मुख्यालय से कोई आदेश नहीं आया है। यदि मुख्यालय से निर्देश प्राप्त होते हैं, तो किराये में बदलाव किया जाएगा।

इनसे संबंधितdelhi-ncrKanwar YatraBareilly NewsRoadways BusRoute DiversionDelhi Bus Service
शेयर

लेखक

टिप्पणियाँ

0

चर्चा में शामिल होने के लिए साइन इन करें। टिप्पणियाँ शिष्टता के लिए संचालित होती हैं।

आगे पढ़ें

संबंधित कवरेज

दिल्ली में सजेगी 'अयोध्या की रामलीला', रवि किशन बनेंगे भगवान राम और केजिया लिज मेजो निभाएंगी सीता का किरदार450

दिल्ली में सजेगी 'अयोध्या की रामलीला', रवि किशन बनेंगे भगवान राम और केजिया लिज मेजो निभाएंगी सीता का किरदार

कॉन्स्टिट्यूशन क्लब के मावलंकर हॉल में 10 से 20 अक्तूबर तक आयोजित होने वाली इस रामलीला में कई दिग्गज कलाकार नजर आएंगे।

गुरुग्राम सीमा पर दिखीं अनूठी कांवड़ें, 5.5 करोड़ की सुपरकार से लेकर 'जिम कांवड़' बनीं आकर्षण का केंद्र3 हज़ार

गुरुग्राम सीमा पर दिखीं अनूठी कांवड़ें, 5.5 करोड़ की सुपरकार से लेकर 'जिम कांवड़' बनीं आकर्षण का केंद्र

सावन माह में हरिद्वार से लौट रहे शिवभक्त आस्था के साथ-साथ युवाओं को नशे के खिलाफ और फिटनेस के प्रति जागरूक कर रहे हैं।

न्यू जर्सी से नॉर्थ कैरोलिना तक गूंजा 'सतनाम': अमेरिका में संत सुरेश भैया जी ने फहराया सनातन ध्यान-योग का परचम3 हज़ार

न्यू जर्सी से नॉर्थ कैरोलिना तक गूंजा 'सतनाम': अमेरिका में संत सुरेश भैया जी ने फहराया सनातन ध्यान-योग का परचम

अखिल भारतीय संतमत सत्संग, दिल्ली के तत्वावधान में संत सुरेश भैया जी ने अमेरिका में ‘आनंद योग मेडिटेशन एंड कंसंट्रेशन यूएसए प्रोग्राम 2026’ के माध्यम से भारतीय अध्यात्म, ध्यान, सत्संग और सतनाम का संदेश दिया। न्यू जर्सी, न्यूयॉर्क, अलबामा, जॉर्जिया और नॉर्थ कैरोलिना में आयोजित कार्यक्रमों में सैकड़ों साधकों ने भाग लिया। संत सुरेश भैया जी ने ध्यान को मानसिक शांति, आत्मज्ञान और आंतरिक चेतना से जोड़ते हुए इसे आधुनिक जीवन में अपनाने का संदेश दिया।