दिल्ली में विरोध प्रदर्शन के दौरान ऑटो चालक ने दिखाई दरियादिली, प्रदर्शनकारियों को दी मुफ्त सेवा
दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित प्रदर्शन के दौरान बंद मेट्रो और रास्तों के बीच एक ऑटो चालक ने युवाओं की मदद कर मिसाल पेश की।

नई दिल्ली में परीक्षा पेपर लीक के खिलाफ आयोजित एक बड़े विरोध प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और परिवहन बाधाओं के बीच एक ऑटो चालक की दरियादिली चर्चा का विषय बनी हुई है। सोशल मीडिया पर साझा किए गए एक वीडियो के अनुसार, ऑटो चालक राकेश कुमार यादव ने जंतर-मंतर जा रहे परेशान प्रदर्शनकारियों को मुफ्त में उनके गंतव्य तक पहुंचाया। उन्होंने इस सेवा के बदले पैसे लेने से साफ इनकार कर दिया।
यह घटना 20 जुलाई 2026 को कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) द्वारा आयोजित प्रदर्शन के दौरान की है। पेपर लीक के विरोध में हजारों की संख्या में लोग दिल्ली के मध्य हिस्से में स्थित जंतर-मंतर पर एकत्र हो रहे थे। इस दौरान सुरक्षा कारणों से कई मेट्रो स्टेशनों को बंद कर दिया गया था और सड़कों पर पुलिस ने भारी बैरिकेडिंग कर रखी थी।
यातायात ठप होने, इंटरनेट सेवाएं बाधित होने और ऑनलाइन कैब या बसें न मिलने के कारण प्रदर्शनकारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सोशल मीडिया पोस्ट के अनुसार, लोगों को भीषण गर्मी में जंतर-मंतर तक पहुंचने के लिए लगभग पांच से छह किलोमीटर पैदल चलना पड़ रहा था। इसी दौरान राकेश कुमार यादव ने रास्ते में फंसे प्रदर्शनकारियों को देखा और उन्हें अपने ऑटो में बैठा लिया।
प्रदर्शनकारियों में शामिल ऐश्वर्या नामक एक महिला ने सोशल मीडिया पर इस घटना का वीडियो साझा किया। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने ऑटो चालक को किराए का भुगतान करने की कोशिश की, तो उन्होंने इसे स्वीकार करने से मना कर दिया। ऑटो चालक राकेश ने कहा कि यह देश और देश के युवाओं के लिए उनका एक छोटा सा योगदान है।
ऑटो में सवार एक अन्य यात्री ने भी सोशल मीडिया पर अपनी आपबीती साझा की। यात्री के अनुसार, वे गर्मी में पैदल चलकर काफी थक चुके थे, तभी राकेश ने उन्हें आवाज देकर ऑटो में बुलाया। यात्री ने बताया कि उन्होंने गैस के खर्च के रूप में जबरन 200 रुपये देने की कोशिश की थी, लेकिन राकेश ने उसे भी ठुकरा दिया।
यात्री के दावे के अनुसार, ऑटो चालक ने बातचीत में बताया कि वह सुबह से ही लगभग 100 से 150 लोगों को इसी तरह मुफ्त में जंतर-मंतर पहुंचा चुके थे। सोशल मीडिया पर इस घटना के सामने आने के बाद लोग ऑटो चालक के इस निस्वार्थ प्रयास की जमकर सराहना कर रहे हैं और उन्हें वास्तविक नायक बता रहे हैं।
लेखक


टिप्पणियाँ
2क्षेत्रीय असर पर थोड़ा और होता तो अच्छा था, पर कुल मिलाकर मज़बूत लेख।
संतुलित, अच्छी तरह प्रमाणित रिपोर्टिंग। इसीलिए मैं आज भी ख़बरों के लिए भुगतान करता हूँ।