फरीदाबाद: 150 रुपये के पेट्रोल को लेकर पंप कर्मचारियों पर डंडों से हमला, जांच में जुटी पुलिस
फरीदाबाद के एनआईटी-5 स्थित एक पेट्रोल पंप पर 150 और 200 रुपये के पेट्रोल को लेकर शुरू हुआ विवाद मारपीट में बदल गया, पुलिस जांच जारी है।
फरीदाबाद के एनआईटी-5 स्थित बहादुर चौक के पास एक पेट्रोल पंप पर ईंधन भरवाने को लेकर हुई बहस हिंसक झड़प में बदल गई। विवाद के दौरान डंडे चलने से पेट्रोल पंप के कर्मचारी घायल हो गए। घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद स्थानीय पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांधी कॉलोनी निवासी निखिल अपनी स्कूटी में पेट्रोल भरवाने के लिए भारत पेट्रोलियम के पंप पर गया था। वहां मौजूद महिला कर्मचारी पूनम ने उसकी स्कूटी में 150 रुपये का पेट्रोल डाल दिया, जबकि निखिल का कहना था कि उसने 200 रुपये का ईंधन डालने को कहा था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई।
विवाद बढ़ता देख पंप के अन्य कर्मचारी इंद्रजीत और नितिन बीच-बचाव कराने पहुंचे। कर्मचारियों का आरोप है कि मामला शांत होने के बजाय और बिगड़ गया और ग्राहक ने अपने परिजनों को मौके पर बुला लिया। इसके बाद उसके परिजन डंडे लेकर पहुंचे और कर्मचारियों के साथ मारपीट शुरू कर दी।
पेट्रोल पंप के कर्मचारियों के अनुसार, ग्राहक ने अपने भाई के हाथ से डंडा लेकर कर्मचारी इंद्रजीत के सिर पर मार दिया, जिससे वह चोटिल हो गया। इस दौरान नितिन के साथ भी धक्का-मुक्की हुई और वह जमीन पर गिर गया। कर्मचारियों ने ग्राहक की मां पर भी महिला स्टाफ के साथ गाली-गलौज और हाथापाई करने का आरोप लगाया है।
दूसरी ओर, ग्राहक निखिल ने कहा कि 200 रुपये के बजाय 150 रुपये का पेट्रोल डालने का विरोध करने पर बात बढ़ी थी। उसका दावा है कि हाथापाई दोनों पक्षों की तरफ से हुई है। पंप मैनेजर करतार सिंह का कहना है कि कर्मचारियों द्वारा स्थिति स्पष्ट करने और माफी मांगने के बाद भी युवक के परिजनों ने डंडों से हमला किया।
घटना की सूचना मिलते ही एनआईटी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को शांत कराया। एनआईटी थाना प्रभारी महाबीर कुमार के अनुसार, दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और वायरल वीडियो के तथ्यों की जांच की जा रही है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जांच में मिलने वाले साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
लेखक

टिप्पणियाँ
3आख़िरकार, ऐसी कवरेज जो पाठक की समझ का सम्मान करती है। धन्यवाद।
क्षेत्रीय असर पर थोड़ा और होता तो अच्छा था, पर कुल मिलाकर मज़बूत लेख।
संतुलित, अच्छी तरह प्रमाणित रिपोर्टिंग। इसीलिए मैं आज भी ख़बरों के लिए भुगतान करता हूँ।