मेरठ जेल में बंद दामिनी की प्रेमी से मिलने की मांग खारिज, 10 दिन बाद पति की हत्यारिनों के साथ रहेगी
मेरठ जिला जेल में बंद दामिनी भड़ाना की अपने प्रेमी तुषार से मिलने की जिद जेल प्रशासन ने नियमों का हवाला देकर खारिज कर दी है।

मेरठ जिला जेल में बंद दामिनी भड़ाना, जिस पर अपने स्कूल संचालक पति अतुल की सांप से डसवाकर हत्या करने का आरोप है, जेल नियमों के कारण अपने प्रेमी तुषार से नहीं मिल पाएगी। जेल प्रशासन के अनुसार, दामिनी ने अपने प्रेमी से मिलने की गुहार लगाई थी, जिसे नियमों का हवाला देते हुए खारिज कर दिया गया है।
वरिष्ठ जेल अधीक्षक डॉ. वीरेश राज शर्मा ने बताया कि जेल मैनुअल के मुताबिक केवल रक्त संबंधियों या पति-पत्नी को ही आपस में मिलने की अनुमति दी जा सकती है। दामिनी और तुषार के बीच ऐसा कोई संबंध नहीं होने के कारण उनकी मुलाकात संभव नहीं है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि तुषार की ओर से दामिनी से मिलने की कोई मांग नहीं की गई है।
जेल अधिकारियों के अनुसार, दामिनी को महिला बैरक नंबर 12ए में रखा गया है, जहां उसकी पहली रात काफी बेचैनी में कटी। उसने जेल स्टाफ के कहने पर काफी मुश्किल से एक रोटी खाई और रातभर गुमसुम रहने के साथ-साथ रोती रही। बैरक की अन्य बंदियों ने बताया कि वह रात में अपने छह साल के बेटे और तुषार को याद कर रही थी।
वर्तमान में दामिनी, उसके प्रेमी तुषार पायला, सोनू और उदय को नए बंदियों के लिए निर्धारित बैरकों में अलग-अलग रखा गया है। जेल नियमावली के अनुसार, 10 दिनों की अवधि पूरी होने के बाद दामिनी को पुरानी बंदियों की बैरक में स्थानांतरित कर दिया जाएगा। इसी तरह तुषार को भी पुरानी पुरुष बैरक में भेज दिया जाएगा।
पुरानी महिला बैरक में दामिनी को उन महिला कैदियों के साथ रखा जाएगा, जो अपने पतियों की हत्या के आरोप में बंद हैं। इनमें अपने पति की हत्या कर लाश को नीले ड्रम में छिपाने वाली मुस्कान और अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की सांप से डसवाकर हत्या करने वाली रविता शामिल हैं। पुरानी पुरुष बैरक में तुषार का सामना भी इन महिलाओं के प्रेमियों, साहिल और अमरदीप से होगा।
जेल में प्रवेश के समय चारों आरोपियों का प्रारंभिक स्वास्थ्य परीक्षण किया गया था, जिसमें वे पूरी तरह स्वस्थ पाए गए। डॉक्टरों के अनुसार, दामिनी का रक्तचाप, हृदय गति और शरीर का तापमान सामान्य है, हालांकि वह मानसिक रूप से काफी शांत और गुमसुम बनी हुई है। अब तक इन चारों आरोपियों से मिलने जेल में उनका कोई पारिवारिक सदस्य नहीं पहुंचा है।
लेखक


टिप्पणियाँ
3आख़िरकार, ऐसी कवरेज जो पाठक की समझ का सम्मान करती है। धन्यवाद।
क्षेत्रीय असर पर थोड़ा और होता तो अच्छा था, पर कुल मिलाकर मज़बूत लेख।
संतुलित, अच्छी तरह प्रमाणित रिपोर्टिंग। इसीलिए मैं आज भी ख़बरों के लिए भुगतान करता हूँ।